Wednesday, December 27, 2023

15 प्रश्नोत्तर में कांग्रेस

कांग्रेस का 138 वा स्थापना दिवस

आपको यह जानना चाहिए 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना कब हुई थी?
उत्तर- 28 दिसम्बर, 1885 को 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना कहा हुई थी?
उत्तर- मुंबई के गोकुल दास तेजपाल संस्कृत महाविद्यालय में 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना के दिन कितने प्रतिनिधि सम्मिलित हुए थे?
उत्तर- 72 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के पहले अध्यक्ष कौन थे?
उत्तर- कोलकात्ता के व्योमेश बनर्जी 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रमुख संस्थापक कौन- कौन थे?
उत्तर- दादा भाई नौरोजी, दिनशा वाचा, ए ओ हूम आदि। 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने किस बड़े आंदोलन में भागीदारी निभाई थी?
उत्तर- देश के आज़ादी आंदोलन में। 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का मुख्यालय कहा है?
उत्तर- नई दिल्ली में 
प्रश्न - महात्मा गांधी कब कांग्रेस महासचिव बने?
उत्तर- 1919 में ।
प्रश्न- महात्मा गांधी के महासचिव बनने के बाद कांग्रेस में क्या परिवर्तन आया?
उत्तर- कांग्रेस इलीट वर्ग से निकलकर जनसमुदाय की पार्टी बन गई ।
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का  संक्षिप्त राजनीतिक इतिहास बताओ?
उत्तर- 1947 से 2014 तक हुए 16 आम चुनाव में कांग्रेस ने 6 बार पूर्ण बहुमत प्राप्त किया। 4 बार सत्तारूढ़ गठबंधन का नेतृत्व किया। 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की कुल कितने वर्ष केंद्र मे सरकार रही?
उत्तर- 49 वर्ष 
प्रश्न - कांग्रेस  ने देश को कितने प्रधानमंत्री दिए?
उत्तर- सात।  जवाहरलाल नेहरू, गुलजारी लाल नन्दा, लाल बहादुर शास्त्री, इंदिरा गांधी, राजीव गांधी, पी वी नरसिम्हा राव, मनमोहन सिंह ।
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के वर्तमान अध्यक्ष का नाम बताओ?
उत्तर- मल्लिकार्जुन खरगे 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अब तक कितने अध्यक्ष रहे?
उत्तर- 61 
प्रश्न - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की पहली महिला अध्यक्ष कौन थी?
उत्तर- एनी बीसेंट 

भारत दोसी

Thursday, December 7, 2023

संभाग बनने के बाद कांग्रेस को मिली पाच सीट

बांसवाडा सम्भाग में बीजेपी को मिले ज्यादा वोट 
संभाग गठन पर कांग्रेस को मिली पांच सीट 

बांसवाडा /  मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जिसने जो माँगा वो दिया लोग मांगते – मांगते थक गए पर गहलोत देते हुए नहीं.उन्होंने बांसवाडा को सम्भाग बना दिया जिसमे बाँसवाडा की पाच, डूंगरपुर की चार और प्रतापगढ़ की दो विधानसभा के क्षेत्र को सम्मलित किया लेकिन विधानसभा चुनाव में लाभ नहीं मिला बीजेपी को कांग्रेस और बीएपी से ज्यादा मत मिले उसे सात लाख उन्सठ हजार पांच सौ तैतीस मत प्राप्त हुए. ग्यारह विधानसभा में बीजेपी को तीन ही सीट सागवाडा, गढ़ी और प्रतापगढ़ में जीत मिली. कांग्रेस को भले ही पाच विधानसभा डूंगरपुर, घाटोल, बांसवाडा,बागीदौरा, कुशलगढ़  में विजय प्राप्त हुई लेकिन इसे बीजेपी से 21860 कम मत मिले. 
    इस विधानसभा चुनाव में बांसवाडा सम्भाग बीएपी का उभरना बड़ी घटना है उसे इस सम्भाग में सात लाख इक्कीस हजार ग्यारह मत मिले. सिर्फ चार माह पूर्व गठित इस पार्टी की यह बढ़ी उपलब्धी मानी जा रही है इसे तीन सीट चौरासी, आसपुर और धरियावाद पर जीत मिली लेकिन राजनैतिक विश्लेषक इसे लोकसभा चुनाव के लिए खतरा बता रहे है वैसे बांसवाडा  और डूंगरपुर लोकसभा सीट में इस सम्भाग की आठ विधानसभा ही है डूंगरपुर की आसपुर और प्रतापगढ़ और धरियावाद सीट इसमें नहीं है. बीएपी ने इस सम्भाग की तीन सीट जीतकर राज्यस्तर पर तीसरी बड़ी पार्टी की हेसियत प्राप्त कर ली है. इस जातीय आधारित पार्टी का जनाधार आदिवासी है लेकिन माना जा रहा है की इस क्षेत्र के आदिवासी कर्मचारी कार्यकर्ता है. आदिवासी संस्क्रति, अस्मिता की अलग पहचान के लिए काम कर रहे इस सन्गठन को पहले बीटीपी ने पहचान दी थी जो की आदिवासी अस्मिता के लिए कार्यरत रहा है जो अभी भी है लेकिन उसका जनाधार खत्म हो गया है. 

फोटो

सरकारी कर्मचारियों ने दिया ओपीएस के लिए वोट पर ...

कर्मचारियों ने दिए कांग्रेस को मत
बांसवाडा और डूंगरपुर के डाटा   
बांसवाड़ा / अशोक गहलोत सरकार की बड़ी योजना में ओल्ड पेंशन योजना रही उन्होंने जो सात गरंटिया देने का संकल्प लिया था उसमे ओपीएस को क़ानूनी जामा पहनाना भी था वैसे उन्होंने पहले ही ओपस दे दी थी जिसका लाभ २००४ के बाद नियुक्त कर्मचारियों को मिलना था. ३०-३५ साल नौकरी करने के बाद पेंशन मिलना एक जन कल्याणकारी कदम रहा लेकिन अब शायद राजस्थान बीजेपी की राज्य सरकार यह नहीं देगी क्योकि केंद्र सरकार इसके विरुद्ध है. 
    विधानसभा चुनाव के डाक मतपत्र के आंकड़े देखे तो लगता है की सरकारी कर्मचारियों को अशोक गहलोत की कांग्रेस सरकार से उम्मीद रही इसीलिए उन्होंने मत भी दिए प्राप्त डाटा में निशक्त और ८० वर्ष से ज्यादा उम्र के वोटर भी है फिर भी अनुमान है की कर्मचारियों ने गहलोत का साथ दिया पर राजस्थान में बीजेपी की सरकार बन गई. प्राप्त डाटा के अनुसार बांसवाडा विधानसभा में कांग्रेस को 873 और बीजेपी को 1113 घाटोल में क्रमश 269 और 411 गढ़ी में 528 और 378 बागीदौरा में कांग्रेस को 662 और बीजेपी को 855 कुशलगढ़ में 1288 और 365 मत मिले.  
      डूंगरपुर विधानसभा में कांग्रेस को 221 और बीजेपी को 378 आसपुर में 880 और 515 सागवाडा 379 और  720 और चौरासी में कांग्रेस को कांग्रस को 660 और बीजेपी को 1423 मत मिले.